एक्सक्लूसिव

अवैध शराब तस्करी मामला जवाब न देने पर आयोग के डीआईजी/एसएसपी को सशपथ बयान हेतु नोटिस

भूपेन्द्र कुमार लक्ष्मी

सम्पूर्ण मामला इस प्रकार कि दिनाँक 07-4-2020 को थाना नेहरुकलोनी कालोनी पुलिस द्वारा लॉक डाऊन में देहरादून हरिद्वार बायपास रोड पर देसी शराब ठेके के सेल्समैन वह एक अन्य शराब तस्कर द्वारा थ्री व्हीलर लोडर से अवैध शराब बिक्री ले जाने संबंधी प्रेस नोट जारी किया गया ।


इस सम्बन्ध में इस संवाददाता द्वारा मानवाधिकार आयोग में शिकायत दर्ज की गयी थी कि जिला देहरादून में देसी और अंग्रेजी शराब की दुकानों से लॉकडाउन में अवैध रूप से शराब निकाल शराब कीब तस्करी करना अवैध शराब की आड़ में अवैध फायदा कमाने वाले जहरीली शराब बेचने से भी बिल्कुल नहीं रुकेंगे । शराब की तस्करी में पूर्व में भी जिला देहरादून एवं जिला हरिद्वार में जहरीली शराब से कई मौतें हो चुकी हैं ।

थाना नेहरू कॉलोनी पुलिस द्वारा दिनांक 7:04:2020को लॉकडाउन के दौरान हरिद्वार बाईपास रोड देहरादून देसी शराब के ठेके के सेल्समैन और उसके साथ अन्य तस्कर को 20 पेटी शराब बेचने के लिए ले जाते हुए पकड़ा तथा नेहरू कॉलोनी थाना पुलिस द्वारा ही दिनांक 9:4:2020 को लॉकडाउन के दौरान अंग्रेजी शराब के ठेके के सेल्समैन और दो अन्य शराब तस्करों को 11 पेटी अंग्रेजी शराब और 2 पेटी बियर बेचने के लिए ले जाते हुए पकड़ा तथा यह समस्त कार्यवाही एस.पी. सिटी देहरादून, सी.ओ.सिटी देहरादून तथा सी.ओ. नेहरू कॉलोनी देहरादून के पर्यवेक्षण में हुई परंतु पुलिस द्वारा मात्र शराब की दुकानों के सेल्समैनों और उनके साथी तस्करों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया और जिन शराब मालिकों की दुकान से लॉकडाउन में शराब बेचने के लिए ले जाई जा रही थी उन दुकान मालिको के विरुद्ध बिल्कुल भी कार्यवाही नहीं की गई यह एक बहुत ही आश्चर्य की बात है दुकानों का सेल्समैन जो शराब बेचने के लिए ले जा रहा है उसके विरुद्ध तो मुकदमा दर्ज परंतु जिन दुकानों से अवैध रूप से शराब निकालकर बेचने के लिए ले जाई जा रही है उनके मालिकों पर थाना पुलिस और पुलिस अधिकारियों का वरदहस्त ।


आयोग के सदस्य राम सिंह मीना द्वारा दिनांक 12 मई 2020 को उपरोक्त मामले में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून को नोटिस जारी कर संपूर्ण मामले में आख्या मांगी गई और सुनवाई हेतु 8 जुलाई 2020 नियत की गई परंतु जवाब आख्या नियत तिथि पर प्रस्तुत न करने पर आयोग द्वारा पुनः नोटिस जारी किए गए की आगामी सुनवाई की तिथि 19-8-2020 तक आख्या अवश्य रूप से दाखिल की जाए ।
परंतु इस तिथि पर भी जवाब ना मिलने पर आयोग की डबल बेंच की सुनवाई में आयोग के सदस्य न्यायमूर्ति अखिलेश चंद्र शर्मा व सदस्य राम सिंह मीना द्वारा मामले को गंभीरता पूर्वक लेते हुए आदेश जारी किए गए कि कई अवसर देने के पश्चात भी वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून द्वारा आख्या दाखिल नहीं की गई है न्यायहित में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून को अंतिम अवसर दिया जाता है कि वे इस संबंध में अपनी आख्या 4 सप्ताह के अंदर आयोग के समक्ष अवश्य दाखिल करें आख्या दाखिल ना करने की स्थिति में किसी वरिष्ठ भिज्ञ अधिकारी को आयोग के समक्ष उन दस्तावेजों के साथ उपस्थित होने हेतु निर्देशित करे जिससे उनका सशपथ बयान अंकित किया जा सके। तथा मामले में सुनवाई की अगली तिथि 12 अक्टूबर 2020 नियत की गई ।