उन्होंने बताया कि शरीर को छोटा करने के लिए पैर पीछे की तरफ मोड़े गए थे, जो इतने सख्त हो गए थे कि उन्हें सीधा नहीं किया गया। ऐसा प्रतीत हो रहा था कि दिल पर वार बहुत जोर लगाकर किए गए हैं, क्योंकि चाकू के वार दिल के अंदर तक थे। करीब डेढ़ घंटे तक पोस्टमार्टम चला। इसके बाद शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया।
पोस्टमार्टम करने वाली चिकित्सीय टीम ने बताया कि एक साल में मेडिकल कॉलेज की मॉर्चरी में 1500 से 1800 पोस्टमार्टम होते हैं, जिनमें से 700 से 800 पोस्टमार्टम में वे लोग शामिल रहते हैं। सौरभ के शव के बारे में उन्होंने बताया कि यह अपने तरह का अजीब शव था, जो पोस्टमार्टम के लिए लाया गया था। शुरू में तो लगा सामान्य शव होगा, मगर ऐसा नहीं था। शव देखकर चौकना लाजिमी था, क्योंकि गर्दन धड़ से अलग कटी थी। कलाइयों से दोनों हाथ कटे थे। बाकी धड़ अलग था।
‘बहुत सुंदर लड़का था क्यों मार डाला’
पुलिस का मानना है कि मुस्कान ने गूगल पर सर्च करके नींद का इंजेक्शन डॉक्टर के पर्चे पर लिखकर बाजार से ले लिया। ऐसा भी संभव है। इसके अलावा खैरनगर में मेडिकल स्टोर संचालक, घंटाघर से जहां से ड्रम खरीदा उनके भी बयान पुलिस दर्ज कर लिए हैं। पुलिस वहां की सीसीटीवी फुटेज लेने की भी बात कह रही है।
मुस्कान ने मुर्गा काटने वाले दो चाकू शारदा रोड से लिए। वहां भी पुलिस बयान दर्ज कर लिए हैं। इसके अलावा खैरनगर से नींद की गोली और इंजेक्शन बेचने वाले दवा विक्रेता भी बयान दर्ज कर लिए हैं। ड्रम घंटाघर से लिया था, पुलिस की कोशिश है वहां के बयान लेने के साथ-साथ सीसीटीवी फुटेज भी मिल जाए ताकि साक्ष्य मजबूत हो जाए।
एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह ने बताया कि आरोपियों पर सख्त कार्रवाई करने के लिए अब साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। जिस डॉक्टर से मुस्कान ने डिप्रेशन बताकर पर्चे पर गोली लिखवाई थी, उस डॉक्टर के बयान दर्ज किए गए हैं। डॉक्टर ने नींद की गोली नहीं लिखने की बात कही है। ऐसे में माना जा रहा है कि गूगल पर देखकर डॉक्टर के पर्चे पर खुद मुस्कान ने नींद की गोली लिखी हो। मेडिकल स्टोर जहां से दवाई ली और ड्रम खरीदा, उनके भी जल्द बयान लिए जाएंगे। जल्द केस को ट्रायल पर लाने की बात भी एसपी सिटी ने कही।
पूर्व मर्चेंट नेवी अधिकारी सौरभ की मां ने चौकाने वाला खुलासा दावा किया है कि उसके बेटे की छह साल की बेटी को अपने पिता की मौत के बारे में पता था और उसने कहा था, ‘पापा ड्रम में हैं।’ हालांकि, पुलिस ने इस दावे को खारिज कर दिया है। वहीं सौरभ राजपूत के शव का पोस्टमार्टम के बाद इंदिरा नगर इलाके में उसके घर लाया गया। बुधवार देर शाम अंतिम संस्कार कर दिया गया।
सौरभ की मां का आरोप, मुस्कान के घरवालों को हत्या के बारे में थी जानकारी
हालांकि एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह ने इस दावे को खारिज करते हुए कहा कि जब मुस्कान घटना की कहानी परिवार वालों को बता रही थी, तब बेटी शायद वहीं मौजूद रही होगी। लड़की को इस बारे में (पहले से) कुछ भी पता नहीं था।
पुलिस के मुताबिक मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल शुक्ला ने 4 मार्च को सौरभ की चाकू घोंपकर हत्या करने की बात कबूल की है। इसके बाद दोनों ने उसके शव को काटा, अंगों को ड्रम में डाला और उसे सीमेंट से सील कर दिया।
मुस्कान ने पुलिस को पूछताछ में बताया कि अगर वह साहिल के साथ शादी कर लेती तो ससुराल पक्ष और आसपास के लोगों को शक हो जाता कि हमने सौरभ की हत्या कर दी है। मुस्कान का प्लान था कि वह उसके साथ लिव इन रिलेशनशिप में रहती रहे और जब भी ससुराल और आसपास के लोग पूछें तो बता देंगे कि वह लंदन नौकरी पर गया हुआ है, ताकि उस पर हत्या का शक न जाए। सौरभ की हत्या की प्लानिंग पर नवंबर से काम किया जा रहा था।
सौरभ की हत्या करने के बाद साहिल सिर को अपने घर ले गया। ऐसे में चर्चा है कि तंत्र-मंत्र के लिए तो वह सिर तो नहीं ले गया। एसपी सिटी ने कहा कि इस बिंदु पर अभी पूछताछ नहीं हो सकी है। जल्द ही आरोपियों को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी। सोशल मीडिया पर भी तंत्र-मंत्र की बात वायरल हुई थी।
एसपी सिटी ने बताया कि साहिल अपनी मां को बहुत प्यार करता था, मां के बारे में अक्सर मुस्कान से बातचीत किया करता था। साहिल की कमजोरी मुस्कान समझ गई और वह बार-बार फर्जी आईडी से मैसेज कर साहिल को सौरभ का हत्या करने की बात लिखती थी। स्नैप चैट पर मुस्कान ने सौरभ की भी फर्जी आईडी बना रखी थी। सौरभ की आईडी से मुस्कान लिखा करती थी कि मेरे मां-बाप मुझे मारना चाहते हैं, ताकि लोग समझें कि सौरभ लिख रहा है और सौरभ की हत्या के बाद उसके परिजनों को ही इसके लिए जिम्मेदार ठहराएं और मुस्कान व साहिल बच जाएं।
हत्या करने से पहले डिलिवरी कंपनी ब्लिंकिट से ऑनलाइन ब्लीच मंगाई गई थी। हत्या करने के बाद पूरे कमरे और बाथरूम में खून हो गया था, जिसको ब्लीच से साफ किया गया। जोमेटो और स्वीगी से भी खाने का आर्डर मुस्कान अपने और साहिल के लिए मंगाया करती थी। रोजाना करीब आठ से दस डिलीवरी ब्वॉय आया करते थे। मुस्कान और साहिल बाहर का खाना अधिक पसंद मुस्कान करते हैं।
शिमला में मुस्कान और साहिल ने खुद को पति पत्नी बताकर होटल में कमरा लिया था, क्योंकि बिना पति-पत्नी के दरअसल होटल में कमरा नहीं मिल रहा था।